गुरुवार, 19 दिसंबर 2019

राज्यपाल द्वारा तत्परता और समर्पण भाव से कार्य करने की आवश्यकता पर बल...

संवाददाता : शिमला हिमाचल


      राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने जिला प्रशासन शिमला के अधिकारियों के साथ चर्चा की तथा केंद्र व राज्य सरकार द्वारा कार्यान्वित की जा रही विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की।

 

उपायुक्त शिमला अमित कश्यप ने राज्यपाल का स्वागत करते हुए उन्हें विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं के कार्यान्वयन की वस्तु स्थिति से अवगत करवाया।

 


 

इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से लोगों को हो रहे लाभ की जानकारी प्राप्त करने के उद्देश्य से ही उन्होंने जिला प्रशासन के अधिकारियों से चर्चा की है। उन्होंने विभिन्न योजनाओं के बेहतर कार्यान्वयन व उपलब्धियों के लिए जिला प्रशासन की सराहना की। उन्होंने अधिकारियों को फील्ड में अधिक समय तक कार्य कर परिणाम उन्मुख दृष्टिकोण अपनाने के निर्देश दिए।

 

उन्होंने कहा कि फिट इंडिया, प्राकृतिक खेती, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, कौशल विकास आदि कार्यक्रमों में नवांेमेष पहल की जानी चाहिए ताकि लोगों को इस बारे में और जागरूक किया जा सके। उन्होंने कहा कि जन कल्याणकारी योजनाओं का लाभ हासिल करने के लिए लोगों को अधिकारियों से बहुत उम्मीदें होती हैं, इसलिए उन्हें तत्परता और समर्पण भाव से कार्य करना चाहिए।

 

   उन्होंने जिला प्रशासन को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत सराहनीय कार्य करने व देश के प्रथम 10 जिलों में स्थान प्राप्त करने के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के बेहतर कार्यान्वयन के लिए जिला को राष्ट्रीय अवार्ड प्रदान किया है। उन्होंने कहा कि योजना को बेहतर तरीके से लागू करने के लिए निरंतर कार्य किया जाना चाहिए।

 

उन्होंने शिक्षा व सम्बन्धित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए।राज्यपाल ने नशा निवारण के लिए जिला में विशेष अभियान चलाने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि नशा निवारण के लिए मीडिया व शैक्षणिक संस्थानों की सहभागिता सुनिश्चित की जानी चाहिए।

 

उपायुक्त अमित कश्यप ने कहा कि नवम्बर, 2019 तक महिला एवं बाल विकास कार्यक्रमों के तहत 59,917 लाभार्थियों को सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि इस वर्ष मदर टेरेसा असहाय मातृ संबल योजना के तहत 934 माताओं व 1448 बच्चों को लाभान्वित किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मातृ बंदना योजना के तहत 4.92 करोड़ रुपए व्यय कर 12,289 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया है।

 

उन्होंने कहा कि 31 अक्तूबर तक आयुष्मान भारत योजना के तहत 30.69 करोड़ रुपए व्यय कर 31,272 लोगों को लाभान्वित किया गया है।

 

पुलिस अधीक्षक ओमापति जम्बाल ने कहा कि नशे के खिलाफ जिला में व्यापक अभियान आरम्भ किया गया है। इसके तहत लगभग 410 जागरूकता सत्र, 55 रैलियां, 26 चित्रकला प्रतियोगिताएं, 10 योगा शिविर, खेल गतिविधियां, स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए गए हैं।

 

उन्होंने कहा कि इस अभियान के साथ जिला के 1235 संस्थानों को जोड़ा गया है।अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी प्रभा राजीव ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।

 

इस अवसर पर नगर निगम शिमला के आयुक्त पंकज राय, अतिरिक्त उपायुक्त अपूर्व देवगन, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी प्रोटोकोल संदीप नेगी, सहायक आयुक्त चंदन कपूर, एसडीएम नीरज चांदला, नीरज गुप्ता और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।